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ऑस्ट्रेलियन ओपन 2026: मेलबर्न में ‘पावर टेनिस’ का महामुकाबला, सबालेंका बनाम रायबाकिना

मेलबर्न। साल के पहले ग्रैंड स्लैम, ऑस्ट्रेलियन ओपन 2026 में महिला एकल का खिताब अब दुनिया की दो सबसे आक्रामक खिलाड़ियों के बीच तय होगा। आज रॉड लेवर एरिना में खेले गए सेमीफाइनल मुकाबलों के बाद दुनिया की नंबर-1 खिलाड़ी आर्या सबालेंका और पांचवीं वरीयता प्राप्त एलेना रायबाकिना ने फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है। यह मुकाबला 2023 के फाइनल की याद दिलाएगा, जहाँ इन दोनों दिग्गजों के बीच जबरदस्त टक्कर हुई थी।

सबालेंका का दबदबा: लगातार चौथा फाइनल

आर्या सबालेंका के लिए मेलबर्न पार्क उनका दूसरा घर बनता जा रहा है। आज सेमीफाइनल में उन्होंने यूक्रेन की एलिना स्वितोलिना को मात्र 76 मिनट में 6-2, 6-3 से शिकस्त दी। सबालेंका की सर्विस और उनके ग्राउंडस्ट्रोक इतने शक्तिशाली थे कि स्वितोलिना को बचाव का कोई मौका नहीं मिला।

इस जीत के साथ सबालेंका ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है—वह ओपन एरा में लगातार चार बार ऑस्ट्रेलियन ओपन फाइनल में पहुँचने वाली तीसरी खिलाड़ी बन गई हैं (स्टेफी ग्राफ और मार्टिना हिंगिस के बाद)। मैच के दौरान एक विवादित ‘हिंड्रेंस कॉल’ (शोर करने के कारण अंक कटना) ने सबालेंका को थोड़ा परेशान जरूर किया, लेकिन उन्होंने तुरंत वापसी करते हुए मैच पर अपनी पकड़ बना ली।

रायबाकिना की वापसी: तनावपूर्ण टाईब्रेक में जीत

दूसरे सेमीफाइनल में कजाकिस्तान की एलेना रायबाकिना ने अमेरिका की जेसिका पेगुला के खिलाफ 6-3, 7-6 (9-7) से जीत दर्ज की। रायबाकिना ने पहला सेट आसानी से जीता, लेकिन दूसरे सेट में पेगुला ने जबरदस्त संघर्ष किया। रायबाकिना ने तीन मैच पॉइंट गंवाए और पेगुला ने दो सेट पॉइंट हासिल किए, लेकिन अंततः रायबाकिना ने अपने अनुभव और धैर्य का परिचय देते हुए टाईब्रेक जीता। 2022 की विंबलडन चैंपियन रायबाकिना अब अपने करियर के दूसरे ऑस्ट्रेलियन ओपन फाइनल में कदम रखेंगी।

फाइनल की खास बातें: क्या होगा खास?

  • 2023 का रीमैच: यह 2023 ऑस्ट्रेलियन ओपन फाइनल का दोहराव है, जहाँ सबालेंका ने तीन सेटों के कड़े मुकाबले में रायबाकिना को हराकर अपना पहला ग्रैंड स्लैम जीता था।

  • हेड-टू-हेड: दोनों के बीच अब तक 14 मुकाबले हुए हैं, जिसमें सबालेंका 8-6 से आगे हैं। हालांकि, रायबाकिना ने हाल ही में रियाद में हुए डब्ल्यूटीए फाइनल्स (नवंबर 2025) में सबालेंका को हराया था।

  • अजेय अभियान: दिलचस्प बात यह है कि फाइनल तक पहुँचने के सफर में इन दोनों ही खिलाड़ियों ने अब तक टूर्नामेंट में एक भी सेट नहीं गंवाया है।

विशेषज्ञों की राय: ‘फायर वर्सेस आइस’

टेनिस जगत इस फाइनल को ‘फायर वर्सेस आइस’ के रूप में देख रहा है। जहाँ सबालेंका अपनी आक्रामकता और कोर्ट पर दहाड़ (Fire) के लिए जानी जाती हैं, वहीं रायबाकिना अपनी शांत मुद्रा और सटीक प्लेसमेंट (Ice) के लिए मशहूर हैं। 31 जनवरी को होने वाला यह फाइनल तय करेगा कि क्या सबालेंका अपना तीसरा ऑस्ट्रेलियन ओपन खिताब जीतेंगी या रायबाकिना 2023 की हार का बदला लेते हुए पहली बार मेलबर्न में चैंपियन बनेंगी।

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