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श्रीगंगानगर: सड़क हादसे में महिला थाना प्रभारी ज्योति नायक का दुखद निधन – एक अपूरणीय क्षति

श्रीगंगानगर। राजस्थान के सीमावर्ती जिले श्रीगंगानगर से आज एक हृदयविदारक समाचार सामने आया है। जिले की कर्तव्यनिष्ठ महिला थाना प्रभारी (SHO) ज्योति नायक की आज तड़के एक भीषण सड़क हादसे में असामयिक मृत्यु हो गई। यह दुर्घटना उस समय हुई जब वे अपनी ड्यूटी पर तैनात थीं और शहर की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा ले रही थीं। इस घटना ने न केवल पुलिस विभाग को झकझोर कर रख दिया है, बल्कि पूरे जिले और प्रदेश में शोक की लहर दौड़ गई है।

घटना का विवरण: तड़के 4 बजे का वो काला मंजर

मिली जानकारी के अनुसार, ज्योति नायक गुरुवार तड़के करीब 4:00 बजे अपनी टीम के साथ सरकारी वैन में रात्रि गश्त (Night Patrolling) पर थीं। जब उनकी गाड़ी शहर के प्रसिद्ध दुर्गा मंदिर के पास पायल थिएटर रोड से गुजर रही थी, तभी एक अनियंत्रित और तेज रफ्तार हरियाणा नंबर की कार ने पुलिस वैन को पीछे से जोरदार टक्कर मार दी।

टक्कर इतनी भीषण थी कि पुलिस की बोलेरो गाड़ी सड़क पर कई बार पलटी खा गई और पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। मौके पर मौजूद लोगों और पुलिसकर्मियों के अनुसार, कार की गति बहुत अधिक थी, जिसके कारण चालक नियंत्रण खो बैठा। गाड़ी में सवार ज्योति नायक को गंभीर चोटें आईं। उन्हें तुरंत पास के अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हादसे में उनके साथ मौजूद एक कांस्टेबल और कार चालक भी घायल हुए हैं, जिनका उपचार जारी है।

कौन थीं ज्योति नायक?

ज्योति नायक राजस्थान पुलिस की एक होनहार अधिकारी होने के साथ-साथ एक प्रतिष्ठित राजनीतिक परिवार से भी ताल्लुक रखती थीं। वह राजस्थान सरकार के पूर्व मंत्री दुलाराम जी की पोती थीं। उनके दादा का क्षेत्र में काफी सम्मान रहा है। ज्योति ने अपनी मेहनत और लगन से पुलिस विभाग में अपनी पहचान बनाई थी। वह अपनी कार्यकुशलता, मिलनसार स्वभाव और अपराधियों के खिलाफ सख्त रुख के लिए जानी जाती थीं।

पुलिस विभाग और राजनीतिक गलियारों में शोक

जैसे ही ज्योति नायक के निधन की खबर फैली, श्रीगंगानगर पुलिस अधीक्षक (SP) सहित पुलिस के आला अधिकारी अस्पताल और घटनास्थल पर पहुंचे। विभाग के सहकर्मियों के लिए यह विश्वास करना कठिन था कि कुछ घंटे पहले उनके साथ ड्यूटी कर रही उनकी अधिकारी अब उनके बीच नहीं रहीं।

राजस्थान के कई राजनेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री और गृह मंत्री कार्यालय की ओर से भी इस शहादत पर शोक संवेदनाएं व्यक्त की गई हैं। पुलिस विभाग ने उन्हें एक ‘सच्चा कर्मयोगी’ बताया, जिन्होंने अपनी अंतिम सांस तक जनता की सेवा की।

सड़क सुरक्षा पर फिर उठे सवाल

इस हादसे ने एक बार फिर शहर की सड़कों पर बेलगाम दौड़ते वाहनों और रात्रि में होने वाली ओवरस्पीडिंग पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि हरियाणा नंबर की उस कार की गति इतनी तेज थी कि टक्कर के बाद पुलिस वैन के परखच्चे उड़ गए। पुलिस ने कार चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और जांच की जा रही है कि क्या चालक नशे की हालत में था या गाड़ी में कोई तकनीकी खराबी थी।

एक प्रेरणादायक करियर का दुखद अंत

ज्योति नायक का जाना श्रीगंगानगर पुलिस के लिए एक ऐसी रिक्तता है जिसे भरना मुश्किल होगा। उन्होंने महिला सुरक्षा और स्थानीय कानून व्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। आज शाम को पूरे राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किए जाने की संभावना है।

यह घटना हमें याद दिलाती है कि हमारे पुलिसकर्मी अपनी जान जोखिम में डालकर चौबीसों घंटे हमारी सुरक्षा में तैनात रहते हैं। ज्योति नायक की शहादत को श्रीगंगानगर हमेशा याद रखेगा।

©️ श्री गंगानगर न्यूज़ ©️