🢀
श्रीगंगानगर में इंसानियत शर्मसार: अबोहर की युवती को नौकरी का झांसा देकर 10 दिन बंधक बनाया, दुष्कर्म और लूट

श्रीगंगानगर। राजस्थान के सरहदी जिले श्रीगंगानगर से अपराध जगत की एक ऐसी सनसनीखेज खबर सामने आई है, जिसने मानवीय संवेदनाओं को झकझोर कर रख दिया है। पंजाब के अबोहर की रहने वाली एक 23 वर्षीय युवती को सुनहरे भविष्य और नौकरी का झांसा देकर श्रीगंगानगर बुलाया गया, जहाँ उसे न केवल बंधक बनाया गया बल्कि उसके साथ पिछले 10 दिनों तक लगातार दरिंदगी की गई। इस मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर उसकी तलाश के लिए विशेष टीमें गठित कर दी हैं।

घटना का घटनाक्रम: विश्वास की आड़ में रची गई साजिश

पीड़िता पंजाब के अबोहर क्षेत्र की रहने वाली है। मिली जानकारी के अनुसार, आरोपी मंगल सिंह ने युवती को विश्वास में लिया था कि वह उसे श्रीगंगानगर में एक अच्छी प्राइवेट नौकरी दिलवा देगा। मध्यमवर्गीय परिवार से ताल्लुक रखने वाली युवती बेहतर भविष्य की तलाश में आरोपी की बातों में आ गई। करीब 10 दिन पहले, आरोपी उसे झांसा देकर श्रीगंगानगर के एक सुनसान इलाके में स्थित मकान में ले आया।

जैसे ही युवती वहां पहुंची, आरोपी का असली चेहरा सामने आ गया। आरोपी मंगल सिंह ने उसे एक कमरे में बंद कर दिया और विरोध करने पर मारपीट की। डराने-धमकाने के साथ-साथ उसने युवती का मोबाइल फोन और उसके पहने हुए सोने के जेवर भी जबरन छीन लिए ताकि वह किसी से संपर्क न कर सके।

10 दिनों का नारकीय जीवन और दरिंदगी

युवती ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया कि उसे 10 दिनों तक एक कालकोठरी जैसे कमरे में बंधक बनाकर रखा गया। इस दौरान आरोपी ने उसके साथ कई बार दुष्कर्म (Rape) किया। आरोपी उसे जान से मारने की धमकी देता था और खाने-पीने के लिए भी तरसाता था। युवती पूरी तरह से बाहरी दुनिया से कट चुकी थी और आरोपी की कैद में नारकीय जीवन जीने को मजबूर थी।

साहस और रेस्क्यू: ऐसे मिली आजादी

कहा जाता है कि अपराधी कितना भी शातिर क्यों न हो, वह कोई न कोई चूक जरूर करता है। 10 दिनों बाद, एक मौका ऐसा आया जब आरोपी की लापरवाही के कारण युवती को अपना फोन या घर का कोई अन्य साधन मिल गया, जिससे उसने तुरंत अपने परिजनों को अपनी लोकेशन और आपबीती की जानकारी दी।

बेटी की हालत सुनकर परिजन तुरंत अबोहर से श्रीगंगानगर पहुंचे। परिजनों ने स्थानीय लोगों की मदद से बताए गए स्थान पर दबिश दी और युवती को वहां से रेस्क्यू किया। हालांकि, परिजनों के पहुंचने की भनक लगते ही आरोपी मंगल सिंह मौके से फरार होने में कामयाब रहा।

पुलिस की कार्रवाई और कानूनी प्रक्रिया

पीड़िता के परिजनों ने उसे सुरक्षित निकालने के बाद श्रीगंगानगर के संबंधित थाने में मामला दर्ज कराया है। पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया है और उसका बयान दर्ज किया गया है।

  • धाराएं: पुलिस ने आरोपी मंगल सिंह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न गंभीर धाराओं के तहत अपहरण, अवैध रूप से बंधक बनाने, लूट और दुष्कर्म का मामला दर्ज किया है।

  • तलाश: पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार, आरोपी की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें बनाई गई हैं। पुलिस आरोपी के संभावित ठिकानों और उसके संपर्कों पर छापेमारी कर रही है। पुलिस का दावा है कि तकनीकी साक्ष्यों (Mobile Location) के आधार पर आरोपी को जल्द ही सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा।

समाज के लिए एक चेतावनी

यह घटना एक बार फिर उस कड़वी सच्चाई को उजागर करती है कि साइबर युग और सोशल मीडिया के दौर में ‘नौकरी के झांसे’ जैसे पुराने हथकंडे आज भी मासूमों को अपना शिकार बना रहे हैं। पुलिस ने आमजन, विशेषकर युवाओं से अपील की है कि वे किसी भी अनजान व्यक्ति के नौकरी के वादे पर आंख मूंदकर भरोसा न करें और किसी भी नए शहर में जाने से पहले पूरी छानबीन जरूर करें।

निष्कर्ष

अबोहर की इस बेटी के साथ हुई यह दरिंदगी श्रीगंगानगर के सुरक्षित वातावरण पर एक बड़ा दाग है। अब हर किसी की नजरें पुलिस प्रशासन पर टिकी हैं कि कब मुख्य आरोपी मंगल सिंह की गिरफ्तारी होती है और पीड़िता को न्याय मिलता है। फिलहाल, युवती अपने परिवार के साथ है, लेकिन 10 दिनों के उस खौफनाक मंजर ने उसके मन पर जो घाव दिए हैं, उन्हें भरने में लंबा समय लगेगा।


नोट: पुलिस ने लोगों से आग्रह किया है कि यदि उन्हें आरोपी मंगल सिंह के बारे में कोई भी जानकारी मिले, तो तुरंत नजदीकी पुलिस थाने को सूचित करें। आपकी पहचान गुप्त रखी जाएगी।

©️ श्री गंगानगर न्यूज़ ©️