🢀
श्रीगंगानगर: भारत-पाक सीमा पर सुरक्षा बलों की बड़ी कार्रवाई, ड्रोन के जरिए तस्करी की साजिश बेनकाब

श्रीगंगानगर/रावला। भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा पर स्थित राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले में सुरक्षा एजेंसियों ने नशा तस्करी के खिलाफ एक बहुत बड़ी सफलता हासिल की है। जिले के रावला थाना क्षेत्र में पुलिस और सीमा सुरक्षा बल (BSF) के सतर्क जवानों ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए सीमा पार से ड्रोन के जरिए भेजी गई हेरोइन की एक बड़ी खेप को पकड़ने में कामयाबी हासिल की है।

घटना का विवरण और बरामदगी

प्राप्त जानकारी के अनुसार, खुफिया इनपुट के आधार पर सुरक्षा एजेंसियों ने रावला सीमा क्षेत्र में घेराबंदी की थी। इस दौरान संदिग्ध गतिविधि दिखने पर जब तलाशी अभियान चलाया गया, तो वहां से 4 किलो 88 ग्राम उच्च गुणवत्ता वाली हेरोइन बरामद की गई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस हेरोइन की कीमत करोड़ों रुपये आंकी जा रही है।

तस्करी के इस आधुनिक तरीके को नाकाम करते हुए पुलिस ने मौके से एक अत्याधुनिक ड्रोन भी बरामद किया है। इसी ड्रोन का इस्तेमाल सीमा पार पाकिस्तान से मादक पदार्थों को भारतीय क्षेत्र में गिराने के लिए किया जा रहा था। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन युवकों को गिरफ्तार किया है, जो इस खेप की डिलीवरी लेने के लिए वहां पहुंचे थे।


तस्करी का नया ‘ड्रोन मॉडल’

पिछले कुछ समय से श्रीगंगानगर और अनूपगढ़ जैसे सीमावर्ती जिलों में तस्करों ने अपना तरीका बदला है। अब तस्कर बाड़ (Fencing) को पार करने के बजाय ड्रोन का सहारा ले रहे हैं।

  • रात का फायदा: तस्कर रात के अंधेरे का फायदा उठाकर कम ऊंचाई पर ड्रोन उड़ाते हैं ताकि रडार की नजर से बच सकें।

  • जीपीएस लोकेशन: पाकिस्तान में बैठे हैंडलर भारतीय तस्करों को जीपीएस लोकेशन साझा करते हैं, जहां ड्रोन के जरिए पैकेट गिराए जाते हैं।

  • स्थानीय नेटवर्क: गिरफ्तार किए गए तीनों युवक इस नेटवर्क की स्थानीय कड़ी बताए जा रहे हैं, जिनका काम खेप को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाना था।

सुरक्षा एजेंसियों की मुस्तैदी

रावला पुलिस और बीएसएफ की इस संयुक्त कार्रवाई ने यह साबित कर दिया है कि सीमा पर तकनीकी चुनौतियों के बावजूद सुरक्षा बल पूरी तरह मुस्तैद हैं। पकड़े गए युवकों से प्रारंभिक पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे होने की उम्मीद है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इन युवकों के तार पंजाब या अन्य राज्यों के बड़े ड्रग माफियाओं से तो नहीं जुड़े हैं।

क्षेत्र में चिंता और पुलिस की अपील

सीमावर्ती क्षेत्रों में नशा तस्करी की बढ़ती घटनाओं ने स्थानीय प्रशासन और ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। पुलिस अधीक्षक ने आमजन से अपील की है कि सीमा के आसपास किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या आसमान में उड़ती हुई अज्ञात वस्तु (ड्रोन) की सूचना तुरंत नजदीकी पुलिस थाने या सुरक्षा बलों को दें।

निष्कर्ष: 4 किलो 88 ग्राम हेरोइन की यह बरामदगी न केवल नशे के काले कारोबार पर एक बड़ी चोट है, बल्कि यह उन राष्ट्रविरोधी तत्वों के लिए भी एक कड़ा संदेश है जो तकनीक का सहारा लेकर देश की सुरक्षा में सेंध लगाने की कोशिश कर रहे हैं। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत मामला दर्ज कर गहन जांच शुरू कर दी गई है।

©️ श्री गंगानगर न्यूज़ ©️