
श्रीगंगानगर (नई मंडी घड़साना)। राजस्थान के सीमावर्ती जिले श्रीगंगानगर के नई मंडी घड़साना क्षेत्र में हाल ही में हुए एक ‘ब्लाइंड मर्डर’ (Blind Murder) के खुलासे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। एक पत्नी, जिसे समाज में अर्धांगिनी और रक्षक माना जाता है, वही भक्षक बन गई। पुलिस ने इस अंधे कत्ल की गुत्थी को सुलझाते हुए मृतक भजनलाल की पत्नी इंदिरा और उसके प्रेमी प्रभुदयाल को गिरफ्तार कर लिया है। यह कहानी केवल एक अपराध की नहीं, बल्कि विश्वासघात, अवैध संबंध और क्रूरता की पराकाष्ठा की है।
साजिश की पृष्ठभूमि: अवैध संबंध और रास्ते का कांटा
पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक भजनलाल की पत्नी इंदिरा के गांव के ही एक युवक प्रभुदयाल के साथ लंबे समय से अवैध संबंध थे। भजनलाल को अपनी पत्नी के इन संबंधों पर शक होने लगा था, जिसे लेकर घर में आए दिन कलह रहने लगी थी। इंदिरा और प्रभुदयाल अपने रिश्तों के बीच भजनलाल को एक बड़े रोड़े की तरह देख रहे थे। अंततः, दोनों ने मिलकर इस ‘कांटे’ को हमेशा के लिए रास्ते से हटाने की एक खौफनाक योजना बनाई।
हत्या की रात: नहर किनारे मौत का तांडव
वारदात की रात आरोपियों ने बड़ी ही चालाकी से भजनलाल को अपने जाल में फंसाया। योजना के मुताबिक, भजनलाल को सुनसान इलाके में ले जाया गया। वहां उस पर हमला किया गया और जब वह अचेत हो गया, तो आरोपियों को लगा कि उसकी मृत्यु हो चुकी है। अपराध के सबूत मिटाने और इसे एक सामान्य सड़क हादसा या डूबने की घटना दिखाने के लिए, इंदिरा और प्रभुदयाल ने भजनलाल को उसकी मोटरसाइकिल सहित पास ही स्थित इंदिरा गांधी नहर की एक शाखा में फेंक दिया।
क्रूरता की हद: जब मौत को दोबारा गले लगाया
इस कहानी का सबसे विचलित करने वाला हिस्सा वह है जब भजनलाल को नहर के पानी में गिरते ही होश आ गया। ठंड और पानी के झटके से भजनलाल की चेतना वापस लौट आई और वह बचने के लिए संघर्ष करने लगा। वह नहर से बाहर निकलने की कोशिश कर रहा था, लेकिन किनारे पर मौत बनकर उसका प्रेमी और पत्नी खड़े थे।
जैसे ही उन्होंने देखा कि भजनलाल जीवित है और बाहर निकल सकता है, उनकी घबराहट और क्रूरता बढ़ गई। उन्होंने पास ही पड़ी भारी ईंटों और पत्थरों से भजनलाल के सिर पर ताबड़तोड़ वार करना शुरू कर दिया। जब तक भजनलाल ने दम नहीं तोड़ दिया और उसका शरीर शांत होकर पानी में नहीं डूब गया, तब तक वे उस पर वार करते रहे।
पुलिस की जांच और ‘ब्लाइंड मर्डर’ का खुलासा
शुरुआत में जब भजनलाल का शव और मोटरसाइकिल नहर से बरामद हुए, तो मामला एक दुर्घटना जैसा प्रतीत हो रहा था। लेकिन पुलिस को मृतक के सिर पर मिले चोटों के निशान और घटनास्थल की स्थिति को देखकर संदेह हुआ। थानाधिकारी के नेतृत्व में गठित टीम ने तकनीकी साक्ष्य (Call Details) और मुखबिरों की सूचना पर काम करना शुरू किया।
जब इंदिरा से सख्ती से पूछताछ की गई, तो वह टूट गई और उसने अपने प्रेमी प्रभुदयाल के साथ मिलकर की गई इस जघन्य हत्या को स्वीकार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने अपराध को अंजाम देने के लिए काफी समय पहले से रेकी की थी, लेकिन वे कानून के लंबे हाथों से बच नहीं सके।
सामाजिक प्रभाव और निष्कर्ष
घड़साना की इस घटना ने एक बार फिर समाज के नैतिक पतन पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अवैध संबंधों के चलते हंसते-खेलते परिवार का उजड़ना और एक व्यक्ति की इतनी बेरहमी से हत्या करना, इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है। फिलहाल पुलिस दोनों आरोपियों को रिमांड पर लेकर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या इस साजिश में कोई और भी शामिल था।