
बेंगलुरु, 6 नवंबर, 2025: भारतीय सिनेमा, विशेषकर कन्नड़ फिल्म इंडस्ट्री के लिए आज एक दुखद दिन है। ब्लॉकबस्टर फिल्म ‘KGF’ फ्रैंचाइज़ी में अपने यादगार किरदार के लिए मशहूर अभिनेता हरीश राय (Harish Rai) का लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया है। उनके निधन की खबर से पूरे दक्षिण भारतीय सिनेमा जगत में शोक की लहर दौड़ गई है।
⚔️ कैंसर से लंबी जंग
हरीश राय पिछले काफी समय से गले के कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे। उन्होंने अपनी बीमारी को निजी रखा और इसका इलाज भी करवाया, लेकिन तमाम प्रयासों के बावजूद वे इस जानलेवा बीमारी के सामने हार गए।
- निजी संघर्ष: बीमारी के बावजूद, हरीश राय ने काम करना जारी रखा, खासकर ‘KGF’ फ्रैंचाइज़ी की फिल्मों के दौरान। उन्होंने अपने स्वास्थ्य की परवाह न करते हुए अपने काम के प्रति समर्पण दिखाया, जिसकी अब इंडस्ट्री में काफी सराहना हो रही है।
- इंडस्ट्री में शोक: उनके निधन की खबर मिलते ही कन्नड़ फिल्म इंडस्ट्री के कई बड़े कलाकारों, निर्देशकों और तकनीशियनों ने सोशल मीडिया के माध्यम से अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं। उन्होंने हरीश राय के योगदान और उनके संघर्षपूर्ण जीवन को याद किया।
📽️ ‘KGF’ में ‘चचा’ के किरदार से मिली पहचान
हरीश राय ने अपने करियर में कई कन्नड़ फिल्मों और टीवी सीरियलों में काम किया, लेकिन उन्हें राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पहचान उनकी सबसे बड़ी हिट फिल्म ‘KGF’ से मिली।
- यादगार भूमिका: ‘KGF’ के पहले और दूसरे भाग में उन्होंने ‘कासी’ (Kasi) नामक एक वृद्ध व्यक्ति की भूमिका निभाई, जिसे दर्शक प्यार से ‘चचा’ कहकर बुलाते थे। उनका किरदार, जो फिल्म के नायक रॉकी (यश) के जीवन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, दर्शकों के बीच बहुत लोकप्रिय हुआ था। उनका सादगी भरा लुक और भावनात्मक प्रदर्शन आज भी फैंस के दिलों में ताजा है।
- प्रतिभा का धनी: हरीश राय अपने दमदार अभिनय के लिए जाने जाते थे, जो सहायक भूमिकाओं में भी अपनी छाप छोड़ जाते थे। ‘KGF’ में उनकी सफलता ने साबित किया कि बेहतरीन अभिनय के लिए बड़े पर्दे का होना ज़रूरी नहीं है।
हरीश राय का जाना कन्नड़ सिनेमा के लिए एक बड़ी क्षति है। उन्हें उनके बेहतरीन किरदारों और सिनेमा के प्रति उनके समर्पण के लिए हमेशा याद किया जाएगा।